Deprecated (16384): The ArrayAccess methods will be removed in 4.0.0.Use getParam(), getData() and getQuery() instead. - /home/brlfuser/public_html/src/Controller/ArtileDetailController.php, line: 73
 You can disable deprecation warnings by setting `Error.errorLevel` to `E_ALL & ~E_USER_DEPRECATED` in your config/app.php. [CORE/src/Core/functions.php, line 311]
Deprecated (16384): The ArrayAccess methods will be removed in 4.0.0.Use getParam(), getData() and getQuery() instead. - /home/brlfuser/public_html/src/Controller/ArtileDetailController.php, line: 74
 You can disable deprecation warnings by setting `Error.errorLevel` to `E_ALL & ~E_USER_DEPRECATED` in your config/app.php. [CORE/src/Core/functions.php, line 311]
Warning (512): Unable to emit headers. Headers sent in file=/home/brlfuser/public_html/vendor/cakephp/cakephp/src/Error/Debugger.php line=853 [CORE/src/Http/ResponseEmitter.php, line 48]
Warning (2): Cannot modify header information - headers already sent by (output started at /home/brlfuser/public_html/vendor/cakephp/cakephp/src/Error/Debugger.php:853) [CORE/src/Http/ResponseEmitter.php, line 148]
Warning (2): Cannot modify header information - headers already sent by (output started at /home/brlfuser/public_html/vendor/cakephp/cakephp/src/Error/Debugger.php:853) [CORE/src/Http/ResponseEmitter.php, line 181]
Notice (8): Undefined variable: urlPrefix [APP/Template/Layout/printlayout.ctp, line 8]news-clippings/ground-report-from-the-cremation-ground-covid-19-deaths-in-ahmedabad-gujarat.html"/> न्यूज क्लिपिंग्स् | श्मशान घाट से ग्राउंड रिपोर्ट: अहमदाबाद में भी छिपाए जा रहे हैं कोविड-19 से हुई मौतों के आंकड़े? | Im4change.org
Resource centre on India's rural distress
 
 

श्मशान घाट से ग्राउंड रिपोर्ट: अहमदाबाद में भी छिपाए जा रहे हैं कोविड-19 से हुई मौतों के आंकड़े?

-डाउन टू अर्थ,

कोविड-19 की दूसरी लहर ने गुजरात को पूरी तरह से अपनी चपेट में ले लिया है। सरकारी आंकड़ों के अनुसार अब रविवार (11 अप्रैल 2021) तक कोविड से 4,797 लोगों की मृत्यु हो चुकी है। रविवार को पूरे प्रदेश में एक दिन में 54 लोगों की मृत्यु हुई। जिसमें सबसे अधिक अहमदाबाद में 24 और सूरत में 18 हैं।

लेकिन कोविड-19 से हो रही मौतों के आंकड़ों पर सवाल उठ रहे हैं, क्योंकि नगर निगम या सरकार के आंकड़ों और श्मशान घाट के आंकड़ों में अंतर आ रहा है। 9 अप्रैल शुक्रवार को नगर निगम द्वारा जारी संख्या के अनुसार एक दिन में कोरोना से 12 मौत हुई है। जबकि अहमदाबाद के 13 श्मशान घाट के रजिस्टर में दर्ज आंकड़ों के अनुसार 23 शवों का अंतिम संस्कार कोरोना गाइड लाइन के तहत किया गया। सबसे अधिक जमालपुर सप्तऋषि श्मशान घाट में 5 दाह संस्कार हुए। इसके अलावा ठलतेज में 3, एलिस ब्रिज में 3, वाडज में 2, ओढव में 2 , प्रहलाद नगर में 2 , लीलानागर में 2, मकरबा में 1, बिलोल नगर में 1, हाटकेश्वर में 1, घंटी टेकरा में 1, इशनपुर में 1 और वेजलपुर में 1 शव का अंतिम संस्कार किया गया।

अहमदाबाद नगर निगम में के जमाल पुर सप्तऋषि श्मशान घाट में पंजीकरण अधिकारी वीनू भाई जीवा भाई पटेल कहते हैं कि अहमदाबाद में 24 श्मशान घाट हैं जिसमें से 13 श्मशान घाट में सीएनजी भट्टी की सुविधा है। कोरोना से हुई मृत्यु को सरकारी गाइड लाइन का पालन करते हुए अंतिम दाह संस्कार किया जाता है। 12 अप्रैल 2021 को रात आठ बजे तक जमालपुर श्मशान घाट में 28 अंतिम संस्कार हुए, जिसमें से 6 कोरोना के थे। जबकि अभी एक शव को वेटिंग में रखा गया था और एक अन्य शव को लाए जाने की सूचना उनके पास थी।

यहां सीएनजी की दो भट्टी है एक खराब होने के कारण शव को वेटिंग में रखना पड़ रहा है। एक शव को जलने में एक घंटा लगता है, फिर भट्टी को ठंडा करना पड़ता है। आम दिनों में शव वेटिंग में नहीं रहते अचानक कोरोना से बढ़ रही मृत्यु दर से सभी जगह आज वेटिंग है।

50 वर्षीय विनू भाई पटेल पिछले दो सालों से अहमदाबाद के इसी श्मशान घाट में मृत शव का पंजीकरण का कार्य देखते हैं।यह एक क्लेरिकल पद है। विनु भाई कहते हैं कि कोविड-19 के पहले दौर से ही श्मशान घाट में 23 मार्च 2020 से लेकर अब तक कोई ऐसा दिन नहीं गुजरा, जिस दिन कोविड-19 के मरीज का अंतिम संस्कार जमालपुर सप्तऋषि श्मशान घाट में नहीं किया गया हो। 

जमालपुर सप्तऋषि श्मशान घाट के रजिस्टर के अनुसार मार्च महीने में 333 अंतिम संस्कार हुए थे। जिसमें 30 कोरोना गाइड लाइन के तहत हुए। जबकि अप्रैल के दस दिनों में ही 200 से अधिक अंतिम संस्कार हो चुके हैं, इनमें से 20 का अंतिम संस्कार कोविड-19 प्रोटोकॉल के तहत किया गया। 

पूरी रपट पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें.