मोंगाबे हिंदी, 23 सितम्बर इस साल जुलाई की शुरुआत में दिल्ली के कुछ हिस्सों में कई मीटर तक बाढ़ का पानी भर गया। कई रिपोर्टों में कहा गया कि यमुना नदी को अपना रास्ता फिर से मिल रहा है। शहर के 48 किलोमीटर में फैली हुई यमुना नदी 10 जुलाई को खतरे के निशान से ऊपर बढ़ गई, जिससे शुरुआती अनुमानों के मुताबिक 10,000 करोड़ रुपये से ज़्यादा का नुक्सान हुआ। विशेषज्ञों...
More »SEARCH RESULT
ओडिशा: वेदांता, अडानी को बॉक्साइट खनन के लिए वनभूमि देने के विरोध में आए आदिवासी समूह
द वायर, 20 सितम्बर ओडिशा में बॉक्साइट खनन के लिए वेदांता और अडानी समूह को वनभूमि पट्टे पर देने के खिलाफ आदिवासी अधिकार संगठन और कार्यकर्ताओं ने सोमवार को विरोध प्रदर्शन किया. साथ ही उन्होंने विरोध करने वाले आदिवासी युवाओं पर पुलिस द्वारा दमन का आरोप भी लगाया. द टेलीग्राफ की रिपोर्ट के मुताबिक, मूलनिवासी समाजसेवक संघ (एमएसएस) ने जुलाई में अधिनियमित वन कानूनों में संशोधन, जिसने सरकार को ग्रामसभा की सहमति...
More »एक खोखला आश्वासन: कैसे मोदी सरकार ने वन संरक्षण से मोड़ लिया मुंह
द रिपोर्टर्स कलेक्टिव, 19 सितम्बर नई दिल्ली: जुलाई 2017 में डॉ. हर्षवर्धन भारत के पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मामलों के केंद्रीय मंत्री हुआ करते थे। उस समय डाॅक्टर हर्षवर्धन ने संसद में आश्वासन दिया था," एक नई वन नीति का मसौदा तैयार किया जा रहा है और यह जल्द ही तैयार हो जाएगा"। मौजूदा वन नीति करीब 29 साल पुरानी हो चुकी थी। नई वन नीति का मकसद सभी तीन...
More »जहरीली हवा के बीच काम करने को मजबूर होम डिलीवरी के बाइक चालक: स्टडी
मोंगाबे हिंदी, 11 सितम्बर अट्ठाइस साल के रोहित विश्वास की कोविड-19 महामारी के दौरान मार्केटिंग एक्जीक्यूटिव की नौकरी चली गई। इसके बाद उन्होंने 2021 में एक किराना डिलीवरी ऐप के लिए डिलीवरी करने का काम शुरू किया। वह हर दिन आठ से दस घंटे सड़क पर बिताते थे। हालांकि अब वह बाइक टैक्सी ऐप के लिए काम करते हैं, लेकिन उनका काम अभी भी मुश्किल है। वे हर दिन ट्रैफिक जाम...
More »दिल्ली-एनसीआर में क्यों धंस रही है जमीन?
डाउन टू अर्थ, 14 अगस्त “कापसहेड़ा की सभी आवासीय सोसायटी भूजल दोहन करती हैं। हमने कभी नहीं सोचा था कि इससे हमारी जमीन धंस जाएगी।” यह कहना है, भू-धंसाव से क्षुब्ध दक्षिण-पश्चिम दिल्ली की सूर्या विहार हाउसिंग सोसाइटी के अध्यक्ष राजेश गेरा का। उनकी सोसायटी इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से बमुश्किल 10 किमी की दूरी पर है। 2014 में सोसायटी की पार्किंग के एक खंभे में दरार आ गई थी। 2019...
More »