Deprecated (16384): The ArrayAccess methods will be removed in 4.0.0.Use getParam(), getData() and getQuery() instead. - /home/brlfuser/public_html/src/Controller/ArtileDetailController.php, line: 150
 You can disable deprecation warnings by setting `Error.errorLevel` to `E_ALL & ~E_USER_DEPRECATED` in your config/app.php. [CORE/src/Core/functions.php, line 311]
Deprecated (16384): The ArrayAccess methods will be removed in 4.0.0.Use getParam(), getData() and getQuery() instead. - /home/brlfuser/public_html/src/Controller/ArtileDetailController.php, line: 151
 You can disable deprecation warnings by setting `Error.errorLevel` to `E_ALL & ~E_USER_DEPRECATED` in your config/app.php. [CORE/src/Core/functions.php, line 311]
Warning (512): Unable to emit headers. Headers sent in file=/home/brlfuser/public_html/vendor/cakephp/cakephp/src/Error/Debugger.php line=853 [CORE/src/Http/ResponseEmitter.php, line 48]
Warning (2): Cannot modify header information - headers already sent by (output started at /home/brlfuser/public_html/vendor/cakephp/cakephp/src/Error/Debugger.php:853) [CORE/src/Http/ResponseEmitter.php, line 148]
Warning (2): Cannot modify header information - headers already sent by (output started at /home/brlfuser/public_html/vendor/cakephp/cakephp/src/Error/Debugger.php:853) [CORE/src/Http/ResponseEmitter.php, line 181]
न्यूज क्लिपिंग्स् | मोदी, शाह, ममता या राहुल- किसी को भी कोविड पर EC की चेतावनी की परवाह नहीं, जमकर हो रही रैलियां

मोदी, शाह, ममता या राहुल- किसी को भी कोविड पर EC की चेतावनी की परवाह नहीं, जमकर हो रही रैलियां

Share this article Share this article
published Published on Apr 13, 2021   modified Modified on Apr 13, 2021

-द प्रिंट,

चुनाव आयोग (ईसी) की तरफ से क्षेत्रीय और राष्ट्रीय राजनीतिक दलों को पत्र लिखकर महामारी के बीच रैलियां आयोजित करने के दौरान सोशल डिस्टेंसिंग और कोविड-19 संबंधी दिशानिर्देशों का पालन करने के लिए पत्र लिखे जाने के कुछ दिन बाद राजनीतिक दलों ने पश्चिम बंगाल में अपना चुनाव अभियान और तेज कर दिया है.

भाजपा की तरफ से सोमवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तीन राजनीतिक रैलियां रखी गईं, जबकि गृह मंत्री अमित शाह ने दो रैलियों को संबोधित किया और दो रोड शो भी किए.

इस बीच, मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने चार रैलियों को संबोधित किया. और अब कांग्रेस भी अंततः राहुल गांधी की रैलियों के कार्यक्रम निर्धारित कर रही है, जिसकी शुरुआत 14 अप्रैल से होगी.

चुनाव आयोग ने शुक्रवार को ही राजनीतिक दलों को कड़ी चेतावनी दी थी, जिसमें कहा गया था कि कोविड-19 मानदंडों का पालन न किया गया तो रैलियों और बैठकों पर प्रतिबंध लगा दिया जाएगा. आयोग ने अपने पत्र में बकायदा उदाहरण देकर बताया था कि कब किस प्रत्याशी, स्टार प्रचारक और अन्य नेताओं ने मास्क नहीं पहना और निर्धारित मानदंडों का उल्लंघन किया.

कोविड की दूसरी लहर तेज होने के बीच देश में सोमवार को लगभग 1.70 लाख ताजा केस सामने आए जो अब तक की उच्चतम संख्या है.

दिप्रिंट ने प्रतिक्रिया के लिए टेक्स्ट मैसेज के जरिये चुनाव आयोग से संपर्क साधा लेकिन यह रिपोर्ट प्रकाशित किए जाने तक कोई जवाब नहीं आया.

‘नज़र आ रहा है कि हम कितने गंभीर हैं’
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के लिए पांचवें चरण के मतदान से पहले मोदी ने बर्धमान, कल्याणी और बारासात में रैलियां की.

अपना नाम न छापे जाने की शर्त पर भाजपा के एक वरिष्ठ पदाधिकारी ने कहा, ‘यह पहला मौका है जब प्रधानमंत्री इस चुनावी मौसम में पश्चिम बंगाल में एक ही दिन में तीन रैलियां कर रहे हैं. इससे पता चलता है कि हम चुनावों को लेकर कितने गंभीर हैं और यह हमारी प्रतिबद्धता को भी दर्शाता है. एक दिन में प्रधानमंत्री की तीन रैलियां और केंद्रीय गृह मंत्री के चार कार्यक्रम (रैलियां और रोड शो) हमारे अभियान को बड़ी ताकत देंगे.’

यह पूछे जाने पर कि सोशल डिस्टेंसिंग के नियमों का कैसे उल्लंघन हो रहा है, इस पदाधिकारी ने कहा कि राजनीतिक रैलियों के दौरान कोविड प्रोटोकॉल का पालन करना असंभव है जिसमें हजारों की संख्या में लोग शामिल होते हैं.

उन्होंने कहा, ‘ऐसा नहीं है कि केवल हम रैलियां कर रहे हैं, अन्य राजनीतिक दल भी तो किस तरह मानदंडों का उल्लंघन कर रहे हैं. हम अब भी कुर्सियां एक उचित दूरी पर रखने की कोशिश कर रहे हैं लेकिन स्थिति को संभालना मुश्किल हो जाता है.’

भाजपा के वरिष्ठ नेता और पश्चिम बंगाल में पार्टी के पूर्व अध्यक्ष राहुल सिन्हा ने कहा, ‘जहां तक बात कोविड प्रोटोकॉल की है, हम जो कुछ भी करने में सक्षम हैं वो कर रहे हैं. इसके साथ ही हम कोविड संबंधी मानदंडों के बारे में जागरूकता भी फैला रहे हैं. हमारे नेता जिस मंच से संबोधित करते हैं, वहां पर तो हमारी तरफ से पूरी सावधानी बरती जाती है.’

उन्होंने आगे कहा, ‘लेकिन जहां रैली में शामिल होने आए आम लोग बैठते हैं, वहां अगर हम निर्धारित नियमों का ज्यादा पालन कराने की कोशिश करते हैं तो स्थिति और बिगड़ जाती है, क्योंकि ऐसी स्थिति में पीएम मोदी की एक झलक देखने के इच्छुक लोगों के बीच अफरा-तफरी जैसा माहौल हो जाता है.’

सिन्हा ने कहा कि पार्टी लोगों को रैलियों में आने से नहीं रोक सकती. उन्होंने कहा, ‘टीएमसी और कांग्रेस दोनों ही चाहती हैं कि किसी तरह कोविड के बहाने ये रैलियां रद्द हो जाएं, क्योंकि वे तो हमारी रैलियों की तुलना में 10 फीसदी भी भीड़ नहीं जुटा पा रहे हैं. वे हमारे ‘जन जागरण’ को रोकने की कोशिश कर रहे हैं. फैसला साफ है- भाजपा की सरकार बन रही है.’

पूरी रपट पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें. 


नीलम पांडे, https://hindi.theprint.in/politics/modi-shah-mamata-or-rahul-no-one-cares-about-ec-covid-warning-rallies-continue-as-usual/211394/


Related Articles

 

Write Comments

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*

Video Archives

Archives

share on Facebook
Twitter
RSS
Feedback
Read Later

Contact Form

Please enter security code
      Close