-न्यूज़लॉन्ड्री देश में रोजगार का संकट दिन-प्रतिदिन गहराता जा रहा है. भारतीय अर्थव्यवस्था निगरानी केंद्र (सीएमआईई) की 2 मार्च 2020 को जारी की गई ताजा रिपोर्ट में यह बात सामने आई है. रिपोर्ट के मुताबिक फरवरी महीने में देश में बेरोजगारी की दर बढ़कर 7.78 प्रतिशत हो गई है, जो जनवरी 2020 में 7.16 प्रतिशत थी. पिछले चार महीने में यानी अक्टूबर, 2019 के बाद यह आंकड़ा सबसे ज्यादा है. जो...
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सामाजिक असमानताओं के कुचक्र में फंसा 'डिजीटल इंडिया' का सपना
सांख्यिकी और कार्यक्रम कार्यान्वयन मंत्रालय (MoSPI) की एक हालिया रिपोर्ट डिजिटल डिवाइड और भारत के कैशलेस अर्थव्यवस्था बनने के विरोधाभास को उजागर करती है. नेशनल सैंपल सर्वे (एनएसएस) की ‘भारत में शिक्षा पर घरेलू सामाजिक उपभोग के प्रमुख संकेतक, जुलाई 2017 से जून 2018' नामक रिपोर्ट में कंप्यूटर और इंटरनेट की उपयोगिता के मामले में ग्रामीण-शहरी विभाजन काफी स्पष्ट दिखता है. शिक्षा पर 75वें दौर के नेशनल सैंपल सर्वे (एनएसएस) की...
More »दुनिया में विस्थापन का सबसे बड़ा कारण प्राकृतिक आपदाएं हैं जिनका सबसे बड़ा शिकार भारत है
दुनिया में विस्थापन की समस्या के पीछे अब हिंसा और युद्ध नहीं बल्कि प्राकृतिक आपदायें बड़ी वजह हैं. संयुक्त राष्ट्र की ताज़ा वर्ल्ड माइग्रेशन रिपोर्ट - 2020 बताती है कि साल 2018 में जितने लोगों को हिंसा, आतंकवाद और युद्ध के कारण घर छोड़ना पड़ा उससे 64 लाख अधिक लोग आपदाओं के कारण विस्थापित हुये. रिपोर्ट के ये आंकड़े चिंताजनक हैं क्योंकि वैज्ञानिक चेतावनी देते रहे हैं कि ग्लोबल वॉर्मिंग...
More »बजट 2020 में ग्रामीण भारत को क्या मिला ?
एक फरवरी को मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल के दूसरे बजट को संसद में पेश किया गया। सरकार 2022 तक किसानों की आय को दोगुनी करने के लक्ष्य को लेकर चल रही है। गांव, कृषि और किसानों के लिए वित्त मंत्री ने अपने बजट भाषण में 16 सूत्रीय योजनाओं की घोषणा भी की। परन्तु बजट का अर्थ केवल बड़ी-बड़ी घोषणाएं करना नहीं होता बल्की घोषणाओं के पीछे किये धनराशि आवंटन...
More »क्या मनरेगा बजट डूबती ग्रामीण अर्थव्यवस्था को बचाने के लिए काफी है?
वित्त मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण द्वारा 1 फरवरी, 2020 को प्रस्तुत केंद्रीय बजट 2020-21, सामाजिक कार्यकर्ताओं और किसान समूहों (यहां और यहां क्लिक करें) को प्रभावित करने में विफल रहा हैं. अपनी प्रेस नोटों के माध्यम से, इन सगंठनों के सदस्य विशेष रूप से महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (MGNREGA) और प्रधानमंत्री किसान विकास योजना (PM-KISAN)और ग्रामीण और कृषि क्षेत्र के लिए बजटीय आवंटन में बढ़ोतरी करने के लिए केंद्र सरकार से लगातार मांग कर...
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