मित्रो, बच्चों के अधिकार, स्वास्थ्य और भविष्य को लेकर परिवार, समाज और सरकार सभी चिंता करते हैं. ये इन सभी के भविष्य की बुनियाद हैं. इन्हें जितना मजबूत बनाया जायेगा, सब का भविष्य उतना ही उज्ज्वल होगा. इस तथ्य के बाद भी आंकड़े बताते हैं कि हम बच्चों की जान बचाने में अब भी पीछे हैं. जो बच्चे पैदा हो रहे हैं, उनमें कुपोषित बच्चों की संख्या भी अधिक होती है. बच्चों...
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यूपी में नया अधिग्रहण कानून, ग्रामीण इलाकों की जमीन होगी चार गुना महंगी
लखनऊ। उत्तर प्रदेश में प्रस्तावित विभिन्न इंफ्रास्ट्रक्चर परियोजनाओं में देरी को देखते हुए राज्य सरकार ने नए भूमि अधिग्रहण कानून को मंजूरी दे दी है। सरकार के इस फैसले से सबसे अधिक फायदा किसानों को होगा। नए संशोधन के बाद ग्रामीण क्षेत्रों में भूमि अधिग्रहण के लिए जमीन मालिक को सर्किल रेट से 4 गुना राशि का भुगतान किया जाएगा। वहीं शहरी क्षेत्रों में यह मुआवजा सर्किल रेट का दोगुना होगा।...
More »जमीन देनेवालों को पुनर्वासन देने में जुटी राज्य सरकार
कोलकाता: वाममोरचा कार्यकाल के दौरान 2009 में सिलीगुड़ी के कावाखाली में सिलीगुड़ी जलपाइगुड़ी विकास प्राधिकरण (एसजेडीए) ने सैटेलाइट टाउनशीप बनाने के लिए करीब 302 एकड़ जमीन अधिग्रहण किया था, इसके बाद एसजेडीए ने जमीन अधिग्रहण कर बंगाल यूनिटेक यूनिवर्सल प्रोजेक्ट लिमिटेड को यहां आवासीय योजना के लिए यह जमीन दे दी थी, लेकिन जमीन अधिग्रहण के बाद से कंपनी ने यहां योजना पर कुछ नहीं किया है. अब तृणमूल कांग्रेस की...
More »विक्षिप्त अब भी सड़कों पर, पुनर्वास योजना भी लटकी
रायपुर । राजधानी में अब भी विक्षिप्तों का जीवन सड़कों पर घिसट रहा है। कलेक्टर ने स्वयंसेवी संस्थाओं से चर्चा कर विक्षिप्तों को मेंटल हॉस्पिटल बिलासपुर भेजने की जिम्मेदारी अधिकारियों को दी थी, लेकिन अभी तक किसी भी स्वयंसेवी संस्था को यह जिम्मेदारी नहीं दी गई है। इलाज के बाद विक्षिप्तों स्वस्थ होने पर पुनर्वास योजना के तहत ट्रांजिट हॉस्टल में उन्हें रखने की योजना थी, लेकिन रायपुर, दुर्ग और...
More »नि:शक्तों को समान अवसर का है अधिकार- आर के नीरद
नि:शक्तों को वह सब अधिकार मिला हुआ है, जो एक सामान्य व्यक्ति को है. नि:शक्तता के आधार पर उसके साथ कोई भेदभाव नहीं किया जा सकता, बल्कि एक सामान्य व्यक्ति के मुकाबले उसकी शारीरिक या मानसिक कमी की भरपाई के लिए उसके साथ विशेष व्यवहार किया जाना है. शारीरिक रूप से नि:शक्त व्यक्ति के मामले में समाज का नजरिया बदला भी है, लेकिन मानसिक रूप से विकलांग व्यक्ति के प्रति अब...
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