यदि आप आत्मविश्वास के साथ कह सकते हैं कि आधार से आपकी जिंदगी आसान हुई है, और ऐसी सरकारी सुविधाएं प्राप्त हुई हैं, जिनसे आप पहले वंचित थे, तो आप किसी ‘लुप्तप्राय प्रजाति' से कम नहीं, क्योंकि आज कल हर तरफ, आधार-त्रस्त लोग ही मिलेंगे। शायद आपको रोज फोन पर संदेश आ रहे होंगे-बैंक से और मोबाइल से आधार लिंक कीजिए। उससे पहले, आयकर भरते समय लोगों को काफी परेशानी...
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बस्तर के जंगलों में पाए जाने वाले कंद-मूल पर होगा शोध
योगेंद्र ठाकुर, दंतेवाड़ा। बस्तर के जंगलों में पाए जाने वाले कंद-मूल और आदिवासियों ने अन्य जंगली भोज्य पदार्थों पर शोध होगा। इतना ही नहीं बस्तरिया बीयर सलफी पर भी कार्य किया जाएगा। प्राकृतिक रुप से पेड़ से निकलने वाले इस रस को अधिक समय तक प्रिजर्व करने पर कार्य होगा। इसके लिए वैज्ञानिकों ने रुचि दिखाई है। 14 नवंबर को दंतेवाड़ा में होने वाले आदिवासी उद्यमिता सम्मेलन के बाद जिला प्रशासन...
More »रेगिस्तान का बढ़ता दायरा-- निरंकार सिंह
दुनिया के सामने आज सबसे बड़ा संकट उपजाऊ भूमि के लगातार रेगिस्तान में बदलने से पैदा हो रहा है। धरती के रेगिस्तान में बदलने की प्रक्रिया बड़े पैमाने पर चीन, अफ्रीका, आस्ट्रेलिया, भूमध्यसागर के अधिसंख्य देशों तथा पश्चिम एशिया, उत्तरी और दक्षिणी अमेरिका के सभी देशों सहित भारत में भी जारी है। इतिहास गवाह है कि दुनिया के हर साम्राज्य का अंत उसके रेगिस्तान में बदल जाने के कारण ही...
More »नोटबंदी से टूटी है खेती की कमर, बड़े कदम उठाए बिना नहीं बनेगी बात
गुजरे साल 8 नवंबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 1,000 रुपए और 500 रुपए के नोट बंद करने का ऐलान कर दिया था. इस फैसले से देश की 86 फीसदी करेंसी अचानक से सिस्टम से बाहर हो गई. इस कदम का मकसद अर्थव्यस्था में मौजूद कालेधन का पता लगाना और इसे खत्म करना था. इसके जरिए देश में भ्रष्टाचार पर लगाम लगाने का भी लक्ष्य रखा गया था. हालांकि, इस उपाय...
More »नोटबंदी@एक साल: जो पहले 2 महीनों में हुआ, अकेले वही न भूलने वाली त्रासदी है- ज्यां द्रेज
विकास अर्थशास्त्री ज्यां द्रेज नरेंद्र मोदी सरकार की पिछले साल 500 और 1000 के पुराने नोट बंद करने के फैसले के मुखर आलोचक हैं. उन्होंने चेतावनी दी थी कि 'फलती-फूलती अर्थव्यवस्था में नोटबंदी रेसिंग कार के टायर में गोली मारने जैसा साबित होगा.' एक साल बाद ऐसा लगता है कि उनकी चेतावनी सही साबित हुई है. मौजूदा वित्तीय वर्ष की पहली तिमाही में विकास दर तीन साल के निचले स्तर...
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