जाने-माने मानवाधिकार कार्यकर्ता और ईपीडब्ल्यू के सलाहकार संपादक गौतम नवलखा तथा स्वीडिश पत्रकार जॉन मिर्डल कुछ समय पहले भारत में माओवाद के प्रभाव वाले इलाकों में गए थे, जिसके दौरान उन्होंने भाकपा माओवादी के महासचिव गणपति से भी मुलाकात की थी. इस यात्रा से लौटने के बाद गौतम ने यह लंबा आलेख लिखा है, जिसमें वे न सिर्फ ऑपरेशन ग्रीन हंट के निहितार्थों की गहराई से पड़ताल करते हैं, बल्कि माओवादी...
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परिवार छोटा रखने का जिम्मा भी महिलाओं पर डाला
पटना। जनसंख्या नियंत्रण के सबसे अहम उपायों में से एक है महिला बंध्याकरण और दूसरा पुरुष नसबंदी। शिशु जन्म की पूरी प्रक्रिया में महिला की भागीदारी ज्यादा होने से उनकी समस्याएं भी अधिक होती हैं, इसलिए इससे निजात के लिए वे बंध्याकरण के प्रति ज्यादा उत्साह दिखाती हैं, लेकिन पुरुष इसमें पीछे हैं। पुरुष अब भी इस गलत और अवैज्ञानिक धारणा के शिकार हैं कि नसबंदी होने पर वे अपनी मर्दानगी [यौन क्षमता] खो बैठेंगे...
More »जनसंख्या नियंत्रण को कानून लागू नहीं होगा
नई दिल्ली। सरकार ने सोमवार को स्पष्ट किया कि वह देश में जनसंख्या नियंत्रण के लिए किसी भी रूप में कानून लागू करने के पक्ष में नहीं है। वर्तमान समय की आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए लोगों को स्वैच्छिक रूप से स्वयं आगे आकर परिवार नियोजन के उचित तरीकों को अपनाना चाहिए। केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री गुलाम नबी आजाद ने राष्ट्रीय ग्रामीण स्वास्थ्य मिशन [एनआरएचएम] के पांच साल पूरे होने के अवसर...
More »गांव वालों की सेहत पर ध्यान देने में तमिलनाडु सबसे आगे
नई दिल्ली, जागरण ब्यूरो। गांव वालों की सेहत पर ध्यान देने के मामले में तमिलनाडु सबसे आगे रहा है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने राष्ट्रीय ग्रामीण स्वास्थ्य मिशन के तहत राज्यों के प्रदर्शन का आकलन करने के बाद तमिलनाडु को नंबर एक पर रखा है। पिछड़े राज्यों के बीच राजस्थान को और उत्तर-पूर्व के राज्यों में असम को इस योजना के अमल में अव्वल पाया गया है। राष्ट्रीय ग्रामीण स्वास्थ्य मिशन [एनआरएचएम] के पांच साल पूरे...
More »अमीरी-गरीबी के बीच बढ़ता फासला
नई दिल्ली [निरंकार सिंह]। प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने कहा है कि 11वीं योजना के अंत तक नौ फीसदी और 12वीं पंचवर्षीय योजना में 10 फीसदी विकास दर का लक्ष्य होना चाहिए। इसके साथ यह भी सुनिश्चित करना होगा कि इसका फायदा समाज के हर वर्ग को मिले। इनकी सरकार लगातार समावेशी विकास के दावे कर रही है, लेकिन उसने विकास के उन तौर तरीकों को अपनाया है, जिससे समाज में विषमता बढ़ गई है। अमीरी और...
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