राजनीतिक चंदे की लेनदेन में काम आने वाले बैंकिंग चैनलों, खातों और मुद्रक को मिलाकर समूचे इनफ्रास्ट्रक्चर के रखरखाव और सुरक्षा पर गोपनीय अरबपति या प्राप्तकर्ता राजनीतिक दल एक पैसा अपनी ओर से खर्च नहीं करते. इसके बजाय यह लागत भारत सरकार के एक खाते कंसोलिडेटेड फंड आँफ इंडिया से वसूली जाती है जिसमें प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष करों से आने वाला राजस्व जमा होता है. इसके ठीक उलट आम भारतीय...
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इलेक्टोरल बॉन्ड: वित्त विधेयक बनाकर इसे राज्यसभा की निगहबानी से कैसे बचाया अरुण जेटली ने
कानून मंत्रालय ने मोदी सरकार द्वारा जल्दबाजी में विवादास्पद इलेक्टोरल बॉन्ड से संबंधित लिये गये फैसले और इलेक्टोरल फंडिंग से जुड़े अन्य कानूनों में संसदीय प्रक्रिया के तहत किये गये बदलावों को आधिकारिक रूप से सहमति दी थी. मंत्रालय की तरफ़ से यह सब गड़बड़ियां की गई. हमें मिले दस्तावेज़ों में इस बात के पूरे साक्ष्य हैं कि मोदी सरकार द्वारा इस पर राज्यसभा को बाइपास करना असंवैधानिक, गैरकानूनी था. इसमें...
More »टिड्डियों से तबाही की कहानी पत्रकार को सुनायी तो किसान पर कृषि अधिकारी ने किया केस!
-मीडियाविजिल राजस्थान के किसान आजकल टिड्डियों के हमले से तबाह हैं। एक ओर मेहनत और लागत से लगायी गयी फसल बरबाद हो रही है तो दूसरी ओर वे किसी से अपनी परेशानी भी नहीं बता पा रहे हैं क्योंकि उन्हें कृषि अधिकारियों का डर दिखाया जा रहा है। इसी तरह का एक मामला शनिवार को सामने आया जब टिड्डी के हमले से हुए नुकसान पर बीकानेर जिले के खाजुवाला ब्लॉक के...
More »राजनीतिक दलों की बढ़ती वित्तीय आय में अपारदर्शी चुनावी चंदा
साल 2019 बीतते-बीतते प्रमुख राजनीतिक दलों की वित्तीय आय और इलेक्टोरल बॉन्ड यानि चुनाव में चंदे की नई व्यवस्था से जुड़ी कई खबरें और चर्चाएं सुनने को मिलीं. लोकतंत्र की बेहतरी के लिए काम करने वाली कई संस्थाओं ने और पत्रकारों ने आरटीआइ कार्यकर्ताओं के साथ मिलकर चुनावी चंदा लेने के इलेक्टोरल बॉन्ड जैसे अपारदर्शी तंत्र पर सवालिया निशान खड़े किए. इलेक्टोरल बॉन्ड की बिक्री पर रोक लगाने की मांग...
More »खेतों में खड़े गन्ने की कटाई के इंतजार में किसान
मुज्फ्फरपुर के हिराली गांव के किसान सुरेश चौधरी बताते हैं, हमने 12 बीघे में इस बार गन्ना लगाया है. फसल पूरी तरह तैयार है. एक महीने पहले ही हमने चीनी मिल से गन्ना बेचने के लिए पर्ची की अर्जी लगाई. लेकिन अब तक पर्ची नहीं मिली. शामली, मुजफ्फनगर की हरेक मिल में कोशिश कर चुके हैं. लेकिन अब तक पर्ची नहीं मिली. इस बीच में गन्ना खेतों में गिरने से...
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